भगवद् गीता के तीन-स्तरीय अध्ययन में प्रवेश
संसार में योगिन् बनना – दृष्टि, आधार और जीव
सूक्ष्म शरीर / लिङ्ग शरीर (भाग 1)
सूक्ष्म शरीर / लिङ्ग शरीर (भाग 2)
पञ्च-प्राण वायु और उप-प्राण